15 दिनों में इकरारनामा नहीं करने वाले एल-1 संवेदक होंगे काली सूची में, एल-2 को मिलेगा मौका
साहिबगंज। संवाददाता। जिला परिषद सभागार में मंगलवार को जिला परिषद बोर्ड की बैठक अध्यक्ष मोनिका किस्कू की अध्यक्षता में हुई। बैठक में जिले के विकास कार्यों से जुड़े विभिन्न प्रस्तावों की समीक्षा करते हुए योजनाओं के त्वरित क्रियान्वयन पर जोर दिया गया। बैठक में पिछले बोर्ड की बैठक में लिए गए प्रस्तावों की भी समीक्षा की गई, जिसमें अधिकांश प्रस्तावों का अनुपालन पाया गया। लंबित प्रस्तावों को शीघ्र पूरा करने का निर्देश संबंधित पदाधिकारियों को दिया गया।
42 पंचायत भवनों की मरम्मत का प्रस्ताव:
बैठक में जिले के जर्जर पंचायत भवनों की स्थिति पर चर्चा की गई। पंचायती राज विभाग को विस्तृत प्रतिवेदन भेजने का निर्णय लिया गया। इसके तहत करीब 42 पंचायत भवनों की मरम्मत कराए जाने की योजना है। जिला परिषद द्वारा संचालित विकास योजनाओं की भी समीक्षा की गई। अध्यक्ष ने जिला अभियंता को 15वें वित्त आयोग के तहत शेष योजनाओं की निविदा प्रक्रिया 10 दिनों के भीतर पूरी करने का निर्देश दिया।
बैठक में 16वें वित्त आयोग के तहत टाइड एवं अनटाइड मद से ली जाने वाली योजनाओं को जल्द अंतिम रूप देकर जिले में विकास कार्यों को गति देने पर भी सहमति बनी। टाइड एवं अनटाइड फंड से 25 लाख रुपये तक की योजनाओं के प्रस्ताव लिए जाने की बात कही गई।
निविदा में देरी पर संवेदकों पर होगी कार्रवाई:
जिला परिषद ने निविदा प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिया। बैठक में तय किया गया कि निविदा में एल-1 चयनित संवेदक यदि 15 दिनों के भीतर इकरारनामा नहीं करते हैं, तो उन्हें काली सूची में डालने की कार्रवाई की जाएगी। साथ ही संबंधित संवेदक की अग्रधन राशि जब्त कर एल-2 संवेदक को इकरारनामा के लिए आमंत्रित किया जाएगा।
बैठक में डीडीसी सह कार्यपालक पदाधिकारी सतीश चंद्रा, उपाध्यक्ष सुनील यादव, आईटीडीए निदेशक संजय दास, सदस्य अब्दुल बारीक शेख, रणधीर सिंह, प्रताप राय, रानी हांसदा, प्रकाश टोप्पो, जेठा मुर्मू, रंजो कुमारी, मदन हांसदा, सबीना किस्कू, जिला अभियंता मुकेश कुमार बमबम, कार्यपालक पदाधिकारी अनिल कुमार, विद्युत कार्यपालक अभियंता शंभू नाथ चौधरी सहित अन्य मौजूद रहे।



