सप्तक्रांति एक्सप्रेस 1 जनवरी 2027 से सुपरफास्ट से मेल एक्सप्रेस बन जाएगी, जिससे यात्रियों को किराये में राहत मिलेगी। ट्रेन के नंबर भी बदल जाएंगे, लेकिन बगहा में इसका ठहराव जारी रहेगा, जिससे पश्चिम चंपारण के यात्रियों को फायदा होगा।
बगहा (पश्चिम चंपारण)। बगहा रेलखंड से होकर गुजरने वाली मुजफ्फरपुर-आनंद विहार सप्तक्रांति एक्सप्रेस का एक जनवरी 2027 से सुपरफास्ट दर्जा समाप्त हो जाएगा और यह मेल एक्सप्रेस श्रेणी में परिचालित होगी। इससे यात्रियों को किराये में राहत मिलेगी।
अभी बगहा से गोरखपुर तक स्लीपर का किराया 180 रुपये है, जो नई व्यवस्था लागू होने पर घटकर 150 रुपये हो जाएगा। यानी यात्रियों को 30 रुपये कम देने पड़ेंगे। ट्रेन का बगहा में ठहराव पूर्व की तरह जारी रहेगा।
रेलवे ने मुजफ्फरपुर से आनंद विहार जाने वाली सप्तक्रांति एक्सप्रेस का नंबर 12557 से बदलकर 15577 कर दिया है। वहीं, आनंद विहार से मुजफ्फरपुर आने वाली ट्रेन का नंबर 12558 की जगह 15578 होगा।
पूर्व मध्य रेलवे, हाजीपुर ने इस संबंध में पत्र जारी किया है। रेलवे की आधिकारिक वेबसाइट पर भी ट्रेन के नंबर व किराये में बदलाव दिख रहा है।
करीब 24 वर्षों से सुपरफास्ट एक्सप्रेस के रूप में चल रही सप्तक्रांति का परिचालन एक जुलाई 2002 को मुजफ्फरपुर से नई दिल्ली के बीच शुरू हुआ था।
पूर्व मध्य रेलवे, हाजीपुर की ओर से इस संबंध में पत्र जारी किया गया है। सप्तक्रांति एक्सप्रेस का परिचालन एक जुलाई 2002 को मुजफ्फरपुर से नई दिल्ली के बीच शुरू किया गया था।
शुरुआती दौर में इस ट्रेन का ठहराव महज सात स्टेशनों पर था। कम ठहराव होने के कारण यात्रियों को कम समय में दिल्ली पहुंचने की सुविधा मिलती थी। बाद में यात्रियों की मांग और विभिन्न स्टेशनों पर ठहराव की स्वीकृति मिलने के साथ इसकी ठहराव सूची लगातार लंबी होती गई।
करीब 24 वर्षों में इसके ठहराव की संख्या बढ़कर 19 हो चुकी है। वर्ष 2010 में ट्रेन का नई दिल्ली से बदलकर आनंद विहार टर्मिनल कर दिया गया था। सप्तक्रांति एक्सप्रेस पश्चिम चंपारण के यात्रियों के लिए दिल्ली की यात्रा का प्रमुख साधन रही है। बगहा, हरिनगर, नरकटियागंज और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में यात्री इस ट्रेन से सफर करते हैं।
ऐसे में सुपरफास्ट का दर्जा समाप्त होने और नए नंबर से परिचालन की खबर के बाद यात्रियों के बीच चर्चा शुरू हो गई है। हालांकि, रेलवे के निर्णय के बाद ट्रेन की श्रेणी और पहचान में बदलाव होगा, लेकिन यात्रियों की निगाहें इसके परिचालन समय और यात्रा अवधि पर भी रहेंगी।
सप्तक्रांति एक्सप्रेस अब सुपरफास्ट के बजाय अब मेल एक्सप्रेस ट्रेन हो गई है और इसके नंबर में भी बदलाव हुआ है। अभी यात्रियों को सुपरफास्ट के बजाय मेल एक्सप्रेस का किराया लगेगा। यह एक जनवरी 2027 से लागू हो जाएगा।
आर के सिंह, जनसंपर्क पदाधिकारी, समस्तीपुर



