57 प्लॉट के दर्जनों लोग पहुंचे नगर परिषद, नप अध्यक्ष के समक्ष रखी समस्या, मिला आश्वासन
साहिबगंज। साहिबगंज रेलवे स्टेशन के पश्चिमी केबिन के समीप लेवल क्रॉसिंग संख्या 82/बी/टी पर प्रस्तावित रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) को लेकर एक बार फिर शहर में हलचल तेज हो गई है। आरओबी निर्माण के लिए प्रस्तावित वर्तमान अलाइनमेंट की जद में आने वाले परिवारों और दुकानदारों ने अब इसके खिलाफ आवाज उठाते हुए वैकल्पिक मार्ग से निर्माण की मांग की है। सोमवार को प्रभावित क्षेत्र के दर्जनों लोग नगर परिषद कार्यालय पहुंचे और नगर परिषद अध्यक्ष रामनाथ पासवान से मुलाकात कर अपनी समस्या रखी।
प्रभावित लोगों का कहना है कि पटेल चौक से बादशाह चौक के बीच प्रस्तावित आरओबी अलाइनमेंट में 57 प्लॉट चिन्हित किए गए हैं। इस क्षेत्र में बड़ी संख्या में परिवार वर्षों से रह रहे हैं तथा कई लोगों की दुकानें और व्यवसाय भी संचालित हैं। उनका दावा है कि वर्तमान अलाइनमेंट पर निर्माण होने की स्थिति में कई मकान, दुकान और व्यावसायिक प्रतिष्ठान इसकी जद में आ सकते हैं, जिससे लोगों के सामने विस्थापन के साथ-साथ आजीविका का संकट खड़ा हो जाएगा। प्रस्तावित अलाइनमेंट को लेकर प्रभावित लोगों ने पूर्व में भी विभिन्न स्तरों पर लिखित आपत्तियां दिए जाने की बात कही है।
पहले एलसी रोड से था प्रस्ताव:

प्रभावितों ने बताया कि आरओबी के लिए पहले एलसी रोड के माध्यम से अलाइनमेंट और जीएडी तैयार किया गया था तथा इस पर सरकारी स्तर पर प्रक्रिया भी आगे बढ़ी थी। आवेदन में वर्ष 2022 में निर्माण और भू-अर्जन के लिए स्वीकृत राशि का भी उल्लेख है। बाद में वर्तमान अलाइनमेंट पर काम आगे बढ़ा। प्रभावितों का सवाल है कि पहले से तैयार विकल्प और उस पर हुए सरकारी खर्च को नजरअंदाज क्यों किया गया।
आरओबी चाहिए, लेकिन उजाड़कर नहीं:

लोगों का कहना है कि वे आरओबी निर्माण के विरोध में नहीं हैं। उनकी मांग है कि ऐसा अलाइनमेंट चुना जाए, जिसमें न्यूनतम विस्थापन हो। रेलवे के पत्र में भी आरओबी के लिए दो विकल्पों का उल्लेख है, जिनमें करीब 160 और 80 संरचनाओं के प्रभावित होने की बात कही गई है।
प्रभावितों ने कलिंगा होटल के समीप रेलवे की खाली जमीन से वैकल्पिक मार्ग निकालने की मांग की है। दर्जनों लोग नगर परिषद पहुंचे और अध्यक्ष रामनाथ पासवान से गुहार लगाई। अध्यक्ष ने रेलवे के वरीय अधिकारियों से वार्ता तथा जिला स्तरीय बैठक में मुद्दा उठाने का आश्वासन दिया।
नगर परिषद अध्यक्ष ने दिया वार्ता का भरोसा :
मामले को लेकर प्रभावित लोगों ने नगर परिषद अध्यक्ष रामनाथ पासवान से मुलाकात कर अपनी मांग रखी। अध्यक्ष ने लोगों की समस्या सुनते हुए कहा कि आरओबी के अलाइनमेंट से जुड़े मामले को लेकर रेलवे के वरीय पदाधिकारियों से वार्ता की जाएगी। जिला स्तरीय बैठक में भी नगर परिषद की ओर से प्रभावित परिवारों की समस्या और वैकल्पिक अलाइनमेंट का मुद्दा उठाया जाएगा, ताकि विकास कार्य के साथ आम लोगों के हितों का भी ध्यान रखा जा सके।
आवेदन में भी प्रभावित रैयतों ने स्पष्ट किया है कि वे आरओबी निर्माण के विरोध में नहीं हैं, बल्कि ऐसा विकल्प चाहते हैं जिसमें न्यूनतम विस्थापन हो, सार्वजनिक धन का उचित उपयोग हो और वर्षों से बसे परिवारों तथा छोटे कारोबारियों की आजीविका पर कम से कम असर पड़े।
अब सवाल यही है कि साहिबगंज में जाम की समस्या से निजात दिलाने वाला आरओबी किस अलाइनमेंट से बनेगा—ऐसा रास्ता जो विकास को गति दे या ऐसा विकल्प जिसमें विकास के साथ सैकड़ों परिवारों के घर और रोजी-रोटी भी सुरक्षित रह सके।



