बोरियो की मोतीपहाड़ी पंचायत में एक परिवार पर आवास योजना के तहत कई लाभ लेने और तीन जॉब कार्ड रखने का आरोप है।
संवाद सहयोगी, बोरियो (साहिबगंज)। बोरियो प्रखंड की मोतीपहाड़ी पंचायत में आवास योजना में भारी बड़ी गड़बड़ी सामने आयी है। वहां के पंचायत सहायक दिनेश पंडित ने पूरे मामले से उपायुक्त को अवगत कराया है।
उसने बताया कि पंचायत के कुम्हार टोला निवासी गोपी पंडित की मां इलसी देवी के नाम से 2013-14 में इंदिरा गांधी आवास योजना की स्वीकृति दी गई। इसके बाद वर्ष 2014-15 में गोपी पंडित के पिता सर्वेश्वर पंडित के नाम से भी आवास की स्वीकृति दी गई।
वर्ष 2024-25 में गोपी पंडित के नाम से आवास की स्वीकृति दी गई जिसका निर्माण चल रहा है। उधर, पत्नी भाग्यवती देवी का नाम भी प्रधानमंत्री आवास योजना-2.0 में है। बताया जा रहा है कि गोपी पंडित के नाम से स्वीकृत आवास माता-पिता के आवास पर ही बनाया जा रहा है।
पंचायत सहायक के अनुसार, गोपी पंडित ने तीन जाब कार्ड भी बनवा रखा है। पंचायत सहायक ने आशंका जताई है कि इन जाब कार्ड के माध्यम से गलत तरीके से सरकारी लाभ लेने का प्रयास किया जा रहा है। आरोप है कि इस संबंध में पंचायत कर्मियों पर दबाव बनाया जा रहा है, जिससे पंचायत के सरकारी कार्य प्रभावित हो रहे हैं।
पंचायत सहायक दिनेश पंडित ने उपायुक्त से मामले की उच्चस्तरीय जांच कराकर आवास योजना के पूर्व में लिए गए लाभ और वर्तमान सूची में दर्ज नामों की सत्यता की जांच कराने की मांग की है।
साथ ही तीनों जॉब कार्ड की जांच कर उन्हें रद करने तथा पंचायत कर्मियों को धमकाने और सरकारी कार्य में बाधा डालने के लिए जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
पंचायत सहायक का कहना है कि आवास योजना के लाभ के संबंध में पूछताछ करने पर संबंधित व्यक्ति द्वारा उन पर बेबुनियाद आरोप लगाकर फंसाने और नौकरी छीनने की धमकी दी गई। आवेदन में पंचायत कर्मियों को लगातार धमकाने और ब्लैकमेल करने का प्रयास करने की बात भी कही गई है।
उधर, गोपी पंडित का कहना है कि फर्जी तरीके से आवास की मजदूरी की निकासी की गई। इसकी शिकायत करने पर गलत आरोप लगाया जा रहा है। बताया कि माता-पिता के नाम से काफी पहले आवास बना। अब उसके नाम से आवास बन रहा है।



