बिहार में मुख्यमंत्री उद्यमी योजना स्थानीय स्तर पर रोजगार और स्वरोजगार को बढ़ावा दे रही है।
पटना। बिहार में मुख्यमंत्री उद्यमी योजना स्थानीय स्तर पर रोजगार और स्वरोजगार को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
इस योजना की मदद से युवा अपना उद्योग शुरू कर रहे हैं और दूसरे लोगों के लिए भी रोजगार के अवसर पैदा कर रहे हैं। पूर्वी चंपारण के नाजिर अली और हाजीपुर के मो. साबिर इसकी मिसाल हैं।
पूर्वी चंपारण जिले के ढाका प्रखंड अंतर्गत भंडारुआ गांव के रहने वाले नाजिर अली ने मुख्यमंत्री उद्यमी योजना से मिले आर्थिक सहयोग की मदद से बैग निर्माण फैक्ट्री शुरू की।
उनकी फर्म एफएन एंटरप्राइज (AFON Enterprises) में आज 50 से 60 लोगों को रोजगार मिल रहा है। इनमें महिलाएं और पुरुष दोनों शामिल हैं। उनकी फैक्ट्री में तैयार होने वाले बैग पूर्वी चंपारण के अलावा सीतामढ़ी, मुजफ्फरपुर, पटना और बेतिया सहित आसपास के जिलों में भेजे जाते हैं।
नाजिर अली बताते हैं कि मुख्यमंत्री उद्यमी योजना के तहत मिली राशि से उनकी बैग फैक्ट्री शुरू हो सकी। आज उनकी कंपनी में 50 से 60 लोग काम कर रहे हैं। इस तरह उनका उद्योग न केवल उनके लिए, बल्कि स्थानीय महिला और पुरुषों के लिए भी रोजगार का माध्यम बना है।
मो. साबिर की कहानी
इसी तरह हाजीपुर में माहिरा क्रिएशन प्राइवेट लिमिटेड की नई यूनिट का शुभारंभ भी स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। कंपनी के प्रतिनिधि मो. साबिर बताते हैं कि वह पिछले 20 वर्षों से बिहार के बाहर रेडीमेड गारमेंट्स का निर्माण और निर्यात कर रहे थे।
लेकिन बिहार सरकार की योजनाओं और राज्य में बन रहे औद्योगिक माहौल ने उन्हें अपने गृह राज्य लौटकर हाजीपुर में काम शुरू करने का अवसर दिया।
मो. साबिर के अनुसार, हाजीपुर में नई यूनिट शुरू होने से स्थानीय युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे। इससे लोगों को अपने क्षेत्र में ही काम मिल सकेगा और रोजगार के लिए दूसरे राज्यों में होने वाला पलायन भी रुकेगा। उन्होंने इस अवसर और सहयोग के लिए बिहार के मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया।
नाजिर अली और मो. साबिर की ये पहल बताती हैं कि सरकारी योजनाओं और बेहतर औद्योगिक माहौल के सहयोग से बिहार में स्थानीय स्तर पर उद्योगों को बढ़ावा मिल रहा है।
इससे न केवल उद्यमियों को अपना कारोबार स्थापित करने का अवसर मिल रहा है, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए रास्ते भी खुल रहे हैं।



