केंद्रीय विद्यालय में 500 छात्राओं के बीच फलदार पौधों का वितरण
साहिबगंज, संवाददाता। साहिबगंज को हरा-भरा और पर्यावरण की दृष्टि से सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से गंगा मिशन कोलकाता की ओर से पिछले 20 दिनों से पौधारोपण एवं पौधा वितरण अभियान चलाया जा रहा है। इस वर्ष मिशन की ओर से साहिबगंज के लिए 3 हजार पौधे भेजे गए हैं। समाजसेवी सुरेश निर्मल के नेतृत्व में इन पौधों का वितरण स्कूली छात्रों, शहरवासियों एवं जरूरतमंद लोगों के बीच किया जा रहा है। अभियान के तहत अब तक 2500 से अधिक पौधों का वितरण किया जा चुका है।
केंद्रीय विद्यालय के छात्रों के बीच पौधा का वितरण:
सोमवार को शहर स्थित केंद्रीय विद्यालय में पौधा वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान करीब 500 छात्राओं के बीच आम, कटहल, नारियल एवं आंवला जैसे फलदार पौधे वितरित किए गए। छात्राओं को पौधे देने के साथ विद्यालय परिसर में पौधारोपण भी किया गया। मौके पर छात्रों एवं शिक्षकों को पौधों के संरक्षण और पर्यावरण सुरक्षा के प्रति जागरूक किया गया।
इस अवसर पर समाजसेवी सुरेश निर्मल ने कहा कि गंगा मिशन कोलकाता के संस्थापक प्रह्लाद राय गोयनका के सहयोग से साहिबगंज में लगातार पौधारोपण एवं पौधा वितरण अभियान चलाया जा रहा है। इस वर्ष साहिबगंज के लिए 3 हजार पौधे भेजे गए हैं। इसका उद्देश्य गंगा तट पर बसे साहिबगंज को स्वच्छ, सुंदर एवं हरा-भरा बनाए रखना है। उन्होंने कहा कि अभियान के माध्यम से खासकर स्कूली बच्चों को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
विद्यालय के प्राचार्य एवं शिक्षकों ने गंगा मिशन के अभियान की सराहना करते हुए कहा कि बच्चों के बीच पौधों का वितरण करने से उनमें पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित होगी। छात्राओं से अपने घर और आसपास पौधे लगाने तथा उनकी नियमित देखभाल करने की अपील की गई।
कार्यक्रम के दौरान लोगों को बताया गया कि पेड़-पौधे पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के साथ स्वच्छ हवा एवं बेहतर वातावरण के लिए भी आवश्यक हैं। लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल करने की अपील की गई। साथ ही ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत भी पौधारोपण के लिए लोगों को जागरूक किया गया।
कार्यक्रम में गणेश तिवारी, प्रमोद पांडेय, राजीव चौधरी, चम्पक दत्ता सहित कई गणमान्य लोग एवं केंद्रीय विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं मौजूद रहे। सभी ने पर्यावरण संरक्षण के लिए पौधारोपण एवं पौधों के संरक्षण को जरूरी बताते हुए लोगों को जागरूक किया।



