रांची के पिठोरिया स्थित चौली गांव में हथियारबंद अपराधियों ने परिवार को बंधक बनाकर डेढ़ लाख नकद और 10 लाख के गहने लूटे. पुलिस तीन युवकों से पूछताछ कर रही है.
रांची: झारखंड की राजधानी रांची से सटे पिठोरिया थाना क्षेत्र के चौली गांव में हथियारबंद अपराधियों द्वारा घर में घुसकर डकैती की वारदात को अंजाम देने के दो दिन बाद भी पुलिस को सफलता हाथ नहीं लगी है. घटना के दो दिन बीत जाने के बाद भी नामजद आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं. अपराधी घर से करीब डेढ़ लाख रुपये नकद और 8 से 10 लाख रुपये के सोने-चांदी के गहने लूटकर फरार हो गए थे. पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है. वहीं, मामले में तीन युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है. तीनों युवक चौली और आसपास के गांवों के रहने वाले हैं.
घर का पिछला दरवाजा तोड़कर घुसे अपराधी
जानकारी के अनुसार, सोमवार रात पांच से छह की संख्या में हथियारबंद अपराधी चौली गांव निवासी संजय केसरी के घर पहुंचे. अपराधियों ने घर के पिछले दरवाजे को तोड़कर अंदर प्रवेश किया. इसके बाद घर में मौजूद परिवार के सदस्यों को बंधक बना लिया और लूटपाट शुरू कर दी. अपराधियों ने घर में रखे सोने-चांदी के जेवरात और नकदी समेट ली. वारदात के दौरान महिलाओं के साथ मारपीट किए जाने की भी जानकारी सामने आई है. घटना के बाद से गांव के लोगों में चिंता का माहौल है.
तीन लोगों समेत सहयोगियों पर एफआईआर दर्ज
इस मामले में संजय केसरी की पत्नी गुड़िया देवी ने पिठोरिया थाने में प्राथमिकी दर्ज करायी है. प्राथमिकी में उलातू निवासी बबन खान, पिता भोला खां, और चौली निवासी खुर्शीद राय, पिता स्वर्गीय फरीद राय, के अलावा उनके तीन सहयोगियों को नामजद आरोपी बनाया गया है. पुलिस अब प्राथमिकी में दर्ज नामों के आधार पर आरोपियों की तलाश कर रही है. हालांकि, घटना में शामिल किसी भी आरोपी की गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं हुई है.
तीन युवकों से पूछताछ कर रही पुलिस
पिठोरिया थाना प्रभारी सतीश कुमार पांडेय ने बताया कि मामले की जांच जारी है. पुलिस ने तीन युवकों को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है. हिरासत में लिए गए तीनों युवक चौली और आसपास के गांवों के रहने वाले हैं. पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि डकैती की घटना में उनकी कोई भूमिका है या नहीं. थाना प्रभारी के अनुसार, नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है.
गांव में घटना के बाद बढ़ी चिंता
घर में घुसकर परिवार को बंधक बनाने और हथियार के बल पर लूटपाट की इस घटना से स्थानीय लोगों में भय है. ग्रामीणों की चिंता इसलिए भी बढ़ी है कि वारदात के दो दिन बाद भी अपराधी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं. फिलहाल पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है. लूटे गए गहनों की बरामदगी और फरार आरोपियों की गिरफ्तारी पुलिस के सामने चुनौती बनी हुई है.



