मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने रामगढ़ के नेमरा में अपनी मां रूपी सोरेन की स्मृति में पारंपरिक रस्मों का निर्वहन किया. परिवार के सदस्यों ने भी हिस्सा लिया.
Traditional Rituals: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शुक्रवार को रामगढ़ जिले के नेमरा स्थित अपने पैतृक आवास पर दिवंगत माता रूपी सोरेन की स्मृति में पारंपरिक रस्म निभाई. इस दौरान उन्होंने परिजनों के साथ स्थानीय परंपराओं और रीति-रिवाजों के अनुसार दिवंगत माता के निमित्त भोजन परोसने की रस्म पूरी की.raditional Rituals: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शुक्रवार को रामगढ़ जिले के नेमरा स्थित अपने पैतृक आवास पर दिवंगत माता रूपी सोरेन की स्मृति में पारंपरिक रस्म निभाई. इस दौरान उन्होंने परिजनों के साथ स्थानीय परंपराओं और रीति-रिवाजों के अनुसार दिवंगत माता के निमित्त भोजन परोसने की रस्म पूरी की.

पारिवारिक परंपराओं के अनुसार हुआ कार्यक्रम
मुख्यमंत्री ने पारिवारिक परंपराओं का पालन करते हुए अपनी दिवंगत माता की स्मृति से जुड़े पारंपरिक संस्कारों को निभाया. नेमरा स्थित पैतृक आवास पर स्थानीय रीति-रिवाजों के अनुरूप कार्यक्रम संपन्न हुआ. इस दौरान परिवार के सदस्यों ने भी परंपरा के अनुसार रस्म में हिस्सा लिया.

सात अक्तूबर को हुआ था रूपी सोरेन का निधन
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की माता रूपी सोरेन का सात अक्तूबर 2026, बुधवार की रात रांची के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया था. वह झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और झारखंड मुक्ति मोर्चा के संस्थापक दिशोम गुरु शिबू सोरेन की पत्नी थी.

नेमरा में हुआ अंतिम संस्कार
रूपी सोरेन का आठ अक्तूबर, गुरुवार को रामगढ़ जिले के नेमरा गांव में पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ अंतिम संस्कार किया गया. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने अपनी मां को मुखाग्नि दी. अंतिम संस्कार के दौरान परिवार के सदस्यों और शुभचिंतकों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी.




